दिल्ली में आधी रात दर्दनाक हादसा, मकान की छत गिरने से पति-पत्नी की मौत, नौ साल का बेटा सुरक्षित बचा
- Shiv Kumar
- 03 Aug, 2026
उत्तर-पूर्वी दिल्ली के उस्मानपुर इलाके में रविवार देर रात एक दर्दनाक हादसे में मकान की छत गिरने से पति-पत्नी की मौत हो गई, जबकि उनका नौ साल का बेटा बाल-बाल बच गया। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और आसपास के लोग तुरंत मदद के लिए मौके पर पहुंचे। स्थानीय लोगों ने मलबे में दबे दंपती को बाहर निकालने की पूरी कोशिश की, लेकिन अस्पताल पहुंचने के बाद डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद पूरे इलाके में शोक का माहौल है। पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले में लापरवाही से मौत का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हादसे के कारणों का पता लगाने के लिए संबंधित विभाग भी जांच में जुट गया है।
मलबे से निकालकर अस्पताल पहुंचाया, लेकिन नहीं बच सकी जान
दमकल विभाग के अनुसार, रविवार रात करीब 10:31 बजे गावड़ी एक्सटेंशन स्थित हंसराज डेयरी के पास एक मकान की छत गिरने की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की तीन गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। जब तक बचाव दल वहां पहुंचा, तब तक स्थानीय लोग मलबे में दबे पति-पत्नी को बाहर निकाल चुके थे। दोनों घायलों को तुरंत एंबुलेंस के जरिए जग प्रवेश चंद्र अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृतकों की पहचान 32 वर्षीय टिंकू और उनकी 30 वर्षीय पत्नी उर्मिला के रूप में हुई है। राहत की बात यह रही कि हादसे के समय उनका नौ साल का बेटा सुरक्षित बच गया, जिससे एक और बड़ी त्रासदी टल गई।
पुलिस ने शुरू की जांच, हादसे के कारणों का लगाया जा रहा पता
घटना के बाद पुलिस ने मौके का निरीक्षण किया और आवश्यक साक्ष्य जुटाने शुरू कर दिए हैं। दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है ताकि मौत के कारणों की पुष्टि की जा सके। पुलिस ने लापरवाही से मौत का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जांच में यह भी देखा जाएगा कि मकान की छत किन परिस्थितियों में गिरी और क्या भवन की स्थिति पहले से जर्जर थी। स्थानीय लोगों के अनुसार, दंपती अपने बेटे के साथ इसी मकान में रहते थे। इस हादसे के बाद इलाके के लोगों में पुराने और कमजोर भवनों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। प्रशासन से भी ऐसे भवनों की समय-समय पर जांच कराने की मांग उठ रही है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।
Leave a Reply
Your email address will not be published. Required fields are marked *






