ईरान और इजराइल-अमेरिका के बीच 26वें दिन युद्ध जारी, कुवैत के एयरपोर्ट पर ईरानी ड्रोन अटैक, इराकी लड़ाकों ने 23 अमेरिकी ठिकानों पर किया हमला
- Shiv Kumar
- 25 Mar, 2026
मध्य पूर्व में जारी अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जंग अब और खतरनाक मोड़ पर पहुंच गई है। युद्ध के 26वें दिन ईरान ने कुवैत के इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर ड्रोन हमला कर दिया, जिससे फ्यूल टैंक में आग लग गई। इस हमले के बाद पूरे क्षेत्र में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है और हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं। अब तक इस जंग में करीब 1500 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि हजारों लोग घायल बताए जा रहे हैं। आम नागरिकों पर भी इसका बड़ा असर देखने को मिल रहा है, जिससे वैश्विक चिंता बढ़ गई है।
ड्रोन हमले के बाद जवाबी कार्रवाई, कुवैत में हाई अलर्ट
कुवैत की सेना ने ईरान के हमले के बाद तुरंत जवाबी कार्रवाई की और कई ड्रोन और मिसाइलों को हवा में ही मार गिराने का दावा किया। सेना ने लोगों से अपील की है कि वे घबराएं नहीं और सुरक्षा निर्देशों का पालन करें। इससे पहले कुवैत नेशनल गार्ड ने अपने क्षेत्र में पांच ड्रोन गिराने की पुष्टि की थी। वहीं इराक के उग्रवादी संगठन ‘इस्लामिक रेजिस्टेंस इन इराक’ ने भी दावा किया है कि उसने पिछले 24 घंटे में अमेरिका से जुड़े 23 ठिकानों पर हमले किए हैं। इन हमलों में ड्रोन और मिसाइलों का इस्तेमाल हुआ है, हालांकि नुकसान का पूरा आंकड़ा अभी सामने नहीं आया है।
जंग के आंकड़े डराने वाले, बच्चों और महिलाओं पर भी असर
इस संघर्ष में अब तक 1500 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें 8 महीने के बच्चे से लेकर 88 साल तक के बुजुर्ग शामिल हैं। करीब 18,551 लोग घायल हुए हैं, जबकि 200 से ज्यादा महिलाओं की भी जान गई है। 28 फरवरी को एक स्कूल पर हुए हमले में 168 बच्चों की मौत ने दुनिया को झकझोर दिया था। हेल्थ वर्कर्स भी इस जंग से अछूते नहीं रहे, 55 स्वास्थ्यकर्मी घायल हुए हैं, जिनमें 11 की मौत हो चुकी है। इन आंकड़ों ने इस युद्ध की भयावहता को और स्पष्ट कर दिया है।
एक्सपर्ट की चेतावनी, जंग और बढ़ सकती है
अमेरिकी रक्षा विशेषज्ञ रॉबर्ट पेप ने चेतावनी दी है कि यह जंग ‘एस्केलेशन ट्रैप’ में फंसती जा रही है, यानी छोटे हमले धीरे-धीरे बड़े युद्ध में बदल सकते हैं। उन्होंने कहा कि अगर हालात नहीं संभले तो होर्मुज स्ट्रेट पर असर पड़ सकता है, जिससे वैश्विक तेल सप्लाई और अर्थव्यवस्था पर बड़ा संकट आ सकता है। इस बीच अमेरिका में ईरान जंग रोकने का प्रस्ताव सीनेट में गिर गया, जिससे यह साफ है कि फिलहाल इस युद्ध के थमने के आसार कम हैं।
सीजफायर की कोशिशें जारी, लेकिन हालात तनावपूर्ण
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने दावा किया है कि ईरान के साथ बातचीत चल रही है और जल्द समझौता हो सकता है। उन्होंने 15 पॉइंट का सीजफायर प्लान भी भेजा है, लेकिन ईरान ने इन दावों को खारिज कर दिया है। वहीं फिलीपींस जैसे देशों ने ऊर्जा संकट के खतरे को देखते हुए इमरजेंसी लागू कर दी है। कुल मिलाकर, यह जंग अब सिर्फ क्षेत्रीय नहीं रही, बल्कि पूरी दुनिया पर इसका असर पड़ता दिख रहा है।
Leave a Reply
Your email address will not be published. Required fields are marked *






