नोएडा में दो मेट्रो रूट के लिए जारी होगा टेंडर, तीसरे रूट की दोबारा बनेगी डीपीआर, क्लॉज बनाने के लिए टेक्निकल सलाहकार का होगा चयन

top-news
नोएडा में तीन नए मेट्रो रूट पर काम तेज हो गया है, जिनमें से दो को मंजूरी मिल चुकी है। सेक्टर-142 से बॉटेनिकल गार्डन और ग्रेटर नोएडा में डिपो से बोड़ाकी तक विस्तार होगा। तीसरा रूट एयरपोर्ट कनेक्टिविटी के लिए अहम माना जा रहा है।

नोएडा और ग्रेटर नोएडा के लोगों के लिए बड़ी राहत की खबर है। शहर में प्रस्तावित तीन मेट्रो प्रोजेक्ट्स में से दो को शहरी आवास विकास मंत्रालय से मंजूरी मिल गई है, जिससे अब इन पर काम तेज होने की उम्मीद है। नोएडा प्राधिकरण के सीईओ कृष्णा करुणेश ने बताया कि इन दोनों रूट्स के लिए जल्द ही टेक्निकल सलाहकार नियुक्त किया जाएगा, जो टेंडर प्रक्रिया को तैयार करेगा। उम्मीद है कि मध्य अप्रैल तक टेंडर जारी कर दिया जाएगा, जो ग्लोबल स्तर पर भी हो सकता है। इससे शहर में ट्रांसपोर्ट सिस्टम और मजबूत होगा और रोजाना सफर करने वालों को बड़ी राहत मिलेगी।


सेक्टर-142 से बॉटेनिकल गार्डन तक बनेगा नया कॉरिडोर

पहले रूट के तहत सेक्टर-142 से बॉटेनिकल गार्डन तक 11.56 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड मेट्रो कॉरिडोर बनाया जाएगा। इस प्रोजेक्ट को पहले ही मंजूरी मिल चुकी है और इसे चार साल में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। करीब 2,254 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले इस कॉरिडोर में 8 मेट्रो स्टेशन होंगे, जिनमें सेक्टर-44, सेक्टर-97, सेक्टर-105, सेक्टर-108 और पंचशील बालक इंटर कॉलेज जैसे प्रमुख स्थान शामिल हैं। यह रूट नोएडा के व्यस्त इलाकों को सीधे जोड़ेगा, जिससे ट्रैफिक का दबाव कम होगा और लोगों का समय बचेगा।


ग्रेटर नोएडा में डिपो से बोड़ाकी तक विस्तार

दूसरे प्रोजेक्ट के तहत एक्वा मेट्रो लाइन को ग्रेटर नोएडा डिपो से आगे 2.6 किलोमीटर तक बोड़ाकी तक बढ़ाया जाएगा। इस विस्तार पर करीब 416 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इस रूट में जुनपत गांव और बोड़ाकी दो नए स्टेशन बनाए जाएंगे। यूपी कैबिनेट से इसकी मंजूरी मिलने के बाद अब इसे जमीन पर उतारने की तैयारी शुरू हो गई है। इस रूट के बनने से ग्रेटर नोएडा के बाहरी इलाकों को भी बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी और स्थानीय लोगों को आने-जाने में सुविधा होगी।


तीसरा रूट बनेगा गेमचेंजर, एयरपोर्ट से जुड़ेगा नेटवर्क

तीसरा प्रस्तावित रूट सेक्टर-51 से ग्रेटर नोएडा सेक्टर-4 तक होगा, जिसकी लंबाई करीब 7.5 किलोमीटर होगी। इस रूट की डीपीआर दोबारा तैयार कर मंत्रालय को भेजी जा रही है। मंजूरी मिलने के बाद इस पर आगे की प्रक्रिया शुरू होगी। खास बात यह है कि यह रूट गाजियाबाद से आने वाली आरआरटीएस को जोड़ते हुए जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक कनेक्टिविटी देगा। इससे दिल्ली मेट्रो और नोएडा मेट्रो के बीच एक मजबूत लिंक तैयार होगा, जो आने वाले समय में यात्रा को और आसान बना देगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *